लघु किसानो की समस्याओं पर देे ध्यान स्थानीय प्रशासन:चोपडा

पूर्व मंडी समिति अध्यक्ष संजय चोपड़ा ने किसानों की समस्याओं को कृषि मंत्री से फोन पर कराया अवगत


लघु किसानो की समस्याओं पर देे ध्यान स्थानीय प्रशासन:चोपडा


 


,हरिद्वार।ज्वालापुर हरिद्वार कृषि उत्पादन मंडी समिति* में आस-पास के ग्रामीण क्षेत्रो से अपनी उपज को मंडी समिति के माध्यम से बेचने वाले लघु किसानों को मंडी क्षेत्र में प्रवेश को प्रतिबंधित किये जाने की वजह से मंडी से कुछ ही दूरी पर ट्रांसपोर्ट नगर से पत्तेदार सब्जियां, मूली, गोभी, पालक, हरा धनिया, पुदिना आदि रोज़मर्रा की ज़रूरत मंद सब्ज़ियों को स्वयं बेचना पड़ रहा है जिससे लघु किसानों का काफी नुकसान व मंडी व्यापारियों की दिनचर्या व्यापार प्रभावित होना साथ ही आम उपभोक्ताओं तक सुचारू रूप से किसानों की उपज की सप्लाई व्यवस्था बाधित होने पर पूर्व कृषि उत्पादन मंडी समिति अध्यक्ष, भाजपा नेता संजय चोपड़ा ने कृषि मंत्री सुबोध उनियाल, मंडी परिषद मुख्यालय हल्द्वानी की प्रबंधन निर्देशक निधि यादव से मांग की हरिद्वार मंडी में लगातार किसानों, व्यापारियों, आम उपभोक्ताओं की समस्याओं के दृष्टिगत उचित प्रबंधन के साथ हरिद्वार मंडी का सप्लाई चैन के संचालन के लिए स्वयं समीक्षा कर किसानों, व्यापारियों, आम उपभोक्ताओं की समन्वयक स्थापित किये जायें।


इस अवसर पर पूर्व कृषि उत्पादन मंडी समिति अध्यक्ष संजय चोपड़ा ने कहा कि 10 अप्रैल 2020 मंडी परिषद को तीन बिंदुओं के सुझाव सार्वजनिक रूप से प्रेषित किये जा चुके है यदि उन बिंदुओं पर अमल किया गया होता तो हरिद्वार, ज्वालापुर मंडी की संचालन की व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित रहती और मंडी में आने वाले कृषको व स्थानीय आढ़तियों, रेडी पटरी के लघु व्यापारियों, फूटकर के स्ट्रीट वेंडर्स को जो कठनाईयों का सामना करना पड़ रहा है वो ना करना पड़ता। चोपड़ा ने कहा कृषि उद्यान मंत्री सुबोध उनियाल को हरिद्वार मंडी के प्रकरण के बारे में दुरभाष के माध्यम से अवगत करा दिया है कि हरिद्वार मंडी किसानों की व्यवस्था के लिए मंडी परिषद में सामाजिक दूरी के साथ आने वाले कृषको को कारोबारी स्थल फड़ उपलब्ध कराए जाएं और रोज़ आने वाले कृषको को मंडी प्रशासन द्वारा पहचान पत्र के साथ आने जाने की अनुमति दी जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्र सरकार द्वारा देश की राज्य सरकारों को निर्देशित किया जा चुका है कि कृषको के मंडी में आगमन पर किसी प्रकार का प्रतिबंध नही लगाया जाएगा उसके दृष्टिगत कोविड- 19 बचाव के संसाधनों के साथ कृषको मंडी में आने जाने की छूट दी जानी चाहिए।